शीतलहर और बढ़ती ठंड को देखते हुए अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) रामशंकर ने जनपद के सभी संबंधित विभागों को अलर्ट मोड में रहते हुए राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी निराश्रित, असहाय या कमजोर व्यक्ति को ठंड से कोई नुकसान न हो।

अपर जिलाधिकारी ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार जनपद में कंबल वितरण, अलाव जलाने और रैन बसेरों की समुचित व्यवस्था की जा रही है। सभी रैन बसेरों को 24 घंटे संचालित करने, वहां गद्दे, कंबल, स्वच्छ पेयजल, शौचालय और किचन की निःशुल्क सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही रैन बसेरों के आसपास अलाव जलाने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने को कहा गया है।

उन्होंने निर्देश दिया कि कोई भी व्यक्ति सड़क या फुटपाथ पर सोने को मजबूर न हो। रैन बसेरों की जियो टैगिंग, वहां ठहरने वाले लोगों का दैनिक रिकॉर्ड और व्यापक प्रचार-प्रसार के साथ रात्रिकालीन निरीक्षण भी सुनिश्चित किया जाएगा।

कोहरे से होने वाली सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए मुख्य मार्गों पर रिफ्लेक्टर, संकेतक और रेडियम पट्टी लगाने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, स्वास्थ्य सेवाओं, अग्निशमन व्यवस्था और जन-जागरूकता पर भी विशेष जोर दिया गया है।