देवरिया जनपद में महिलाओं और बालिकाओं के सशक्तिकरण को लेकर मिशन शक्ति फेज 5.0 के द्वितीय चरण के तहत व्यापक स्तर पर “बहू-बेटी अभियान” चलाया गया। पुलिस अधीक्षक संजीव सुमन के निर्देशन में यह अभियान परित्यक्ता, तलाकशुदा, निराश्रित और दहेज उत्पीड़न की शिकार महिलाओं के उत्थान और स्वावलंबन को ध्यान में रखकर संचालित किया गया।
जनपद के सभी थानों की मिशन शक्ति टीमों ने अपने-अपने क्षेत्रों में चौपाल और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। कोतवाली, रामपुर कारखाना, तरकुलवा, महुआडीह, रूद्रपुर, मदनपुर, एकौना, लार, खुखुन्दू, भटनी, खामपार, श्रीरामपुर और बरहज समेत विभिन्न क्षेत्रों में महिला पुलिसकर्मियों ने सीधे गांव-कस्बों में पहुंचकर महिलाओं से संवाद किया।
इस दौरान महिलाओं और बच्चियों को उनके अधिकारों, सरकारी योजनाओं और आत्मनिर्भर बनने के तरीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। साथ ही दहेज उत्पीड़न, घरेलू हिंसा, साइबर अपराध जैसे मुद्दों पर जागरूक किया गया और उनसे बचाव के उपाय बताए गए।
अभियान के अंतर्गत नए आपराधिक कानूनों—भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम 2023 के बारे में भी जानकारी दी गई। साथ ही हेल्पलाइन नंबर जैसे 112, 181, 1090, 1098 और 1930 के उपयोग के बारे में बताया गया।
इसके अलावा विभिन्न सरकारी योजनाओं—निराश्रित महिला पेंशन, उज्ज्वला योजना, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना और कन्या सुमंगला योजना से जुड़ी जानकारी भी साझा की गई।
यह अभियान महिलाओं को जागरूक, आत्मनिर्भर और सुरक्षित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
