भाटपाररानी थाना क्षेत्र के ग्राम लाखोपार निवासी जितेंद्र गौंड की बृहस्पतिवार देर रात करीब 11 बजे संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मेडिकल कॉलेज देवरिया भेज दिया है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम लाखोपार निवासी जितेंद्र गौंड उर्फ देवा (27) पुत्र स्वर्गीय तूफानी गौंड बृहस्पतिवार की रात भोजन कर सोए थे। रात करीब 11 बजे अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और वह बेचैन हो गए। परिजन तत्काल उन्हें भाटपाररानी पीएचसी ले गए, जहां से हालत गंभीर देख उन्हें मेडिकल कॉलेज देवरिया रेफर कर दिया गया। रास्ते में सलेमपुर के पास उनकी मौत हो गई।
मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने रात में ही आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस संबंध में Anshuman Srivastava ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट पता चल सकेगा।
राजनीतिक पृष्ठभूमि भी रही सक्रिय
जितेंद्र गौंड Bharatiya Janata Party के सक्रिय कार्यकर्ता व पदाधिकारी थे। वह भाजपा के टिकट पर भाटपाररानी ब्लॉक प्रमुख का चुनाव भी लड़ चुके थे, हालांकि उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। वह दो भाइयों में छोटे थे, बड़े भाई उपेंद्र गौंड हैं। उनकी पत्नी सुमन देवी Central Industrial Security Force में सिपाही के पद पर कार्यरत हैं। दंपती का डेढ़ माह का एक दुधमुंहा बच्चा है। असमय मौत से मां ज्ञान्ती देवी का रो-रोकर बुरा हाल है।
