गोपालगंज :
जिले के बहुचर्चित थावे दुर्गा मंदिर चोरी कांड में पुलिस को एक के बाद एक दो बड़ी सफलता मिली है। बीते 17 दिसंबर की रात मंदिर परिसर में हुई भीषण चोरी की घटना में शामिल दूसरे फरार आरोपी को पुलिस ने शनिवार तड़के थावे थाना क्षेत्र के जगमलवा गांव के समीप मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ में घायल आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने तीसरे आरोपी को भी हिरासत में ले लिया है।

गिरफ्तार दूसरे आरोपी की पहचान पूर्वी चंपारण जिले के राजेपुर थाना क्षेत्र के गोविंदगंज वार्ड संख्या-12 निवासी इजमामुल आलम के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, मंदिर में चोरी के बाद वह बक्सर में अपनी प्रेमिका के यहां छिपकर रह रहा था। तीसरे आरोपी को हिरासत में लिए जाने के बाद उसका भोजपुर जिले से कनेक्शन सामने आया है।

जानकारी के अनुसार, यूपी के गाजीपुर जिले के रहने वाले दीपक राय की गिरफ्तारी के बाद उसकी निशानदेही पर एसआईटी और एसटीएफ की संयुक्त टीम लगातार छापेमारी कर रही थी। इसी दौरान पूर्वी चंपारण पुलिस से मिले इनपुट के आधार पर दूसरे आरोपी का लोकेशन ट्रेस किया गया। शनिवार तड़के पुलिस टीम ने जगमलवा गांव के आसपास घेराबंदी कर कार्रवाई की। इस दौरान पुलिस को देखते ही आरोपी ने देसी कट्टा से फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में उसके दाएं पैर में गोली लग गई।

घायल अवस्था में आरोपी को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से बेहतर इलाज के लिए पटना रेफर कर दिया गया। एसपी अवधेश दीक्षित ने बताया कि आरोपी के पास से मां भवानी के मुकुट के कुछ हिस्से समेत चोरी गए आभूषणों के अवशेष और एक देसी कट्टा बरामद किया गया है, जो मंदिर चोरी कांड के अहम साक्ष्य हैं। मुठभेड़ में घायल आरोपी की निशानदेही पर तीसरे आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया है। पूछताछ में उसकी निशानदेही पर मां भवानी के मुकुट का शेष हिस्सा बरामद होने का दावा किया गया है। हालांकि हार और अन्य शेष आभूषणों की बरामदगी को लेकर पुलिस की छापेमारी लगातार जारी है।

एसपी ने कहा कि थावे मंदिर चोरी कांड में शामिल सभी आरोपियों की गिरफ्तारी और चोरी गए पूरे आभूषणों की बरामदगी तक अभियान जारी रहेगा। जल्द ही मामले का पूरी तरह उद्भेदन किया जाएगा।