गुरुवार को जिले भर में क्रिसमस का त्योहार हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर गिरजाघरों में विशेष प्रार्थना सभाओं का आयोजन हुआ, जहां आपसी भाईचारे, प्रेम और शांति का संदेश दिया गया। नगर के तिरबिरवां स्थित कैथोलिक चर्च में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। प्रार्थना सभा के दौरान फादर ने कहा कि यीशु मसीह प्रेम, त्याग और करुणा के प्रतीक हैं और उनके जीवन से मानवता को सही मार्गदर्शन मिलता है।

प्रार्थना के दौरान कैंडल जलाकर विश्व शांति की कामना की गई। फादर ने अपने संदेश में कहा कि यीशु मसीह मानव रूप में धरती पर आए, ताकि मानव को पाप, भय और अज्ञान से मुक्ति का मार्ग दिखा सकें। उन्होंने समाज में आपसी सौहार्द, सहनशीलता और प्रेम को अपनाने का आह्वान किया।क्रिसमस के अवसर पर तिरबिरवां स्थित कैथोलिक चर्च में प्रभु यीशु के बचपन की झांकी निकाली गई, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। सांता क्लॉज के वेश में सजी किशोरियां आकर्षण का केंद्र रहीं। पूरे दिन चर्च परिसर में धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का सिलसिला चलता रहा। कार्यक्रम शांतिपूर्ण और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुए।