देवरिया जिले के बरहज तहसील क्षेत्र में उस समय हड़कंप मच गया, जब अचानक लगी भीषण आग ने कई गांवों को अपनी चपेट में ले लिया। खुदिया बुजुर्ग, बेलवनिया, भूलईपुर, गंगाचक, पोखरा और हरनही सहित आसपास के इलाकों में आग तेजी से फैलती चली गई। इस घटना में करीब 30 एकड़ गेहूं की खड़ी फसल जलकर पूरी तरह राख हो गई, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा है।
ग्रामीणों के मुताबिक आग लगने के बाद फायर ब्रिगेड समय पर नहीं पहुंची, जिसके कारण हालात और बिगड़ गए। तेज हवा और सूखी फसल ने आग को और भड़काने का काम किया, जिससे आग ने देखते ही देखते कई खेतों को अपनी चपेट में ले लिया। मौके पर मौजूद किसान और ग्रामीण बाल्टी, पाइप और अन्य साधनों से आग बुझाने की कोशिश करते रहे, लेकिन आग की तीव्रता के आगे उनकी कोशिशें कमजोर पड़ती दिखीं।
मदनपुर थाना प्रभारी नंदा प्रसाद ने बताया कि आग लगने की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड को मौके पर भेज दिया गया है। प्रशासन का दावा है कि जल्द ही आग पर काबू पा लिया जाएगा और नुकसान का आकलन कर प्रभावित किसानों को राहत देने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
यह घटना एक बार फिर से फसल कटाई के मौसम में आग से बचाव के इंतजामों पर सवाल खड़े करती है। जरूरत है कि प्रशासन पहले से सतर्क रहे और गांव स्तर पर आग से निपटने के पर्याप्त संसाधन उपलब्ध कराए जाएं, ताकि किसानों की मेहनत यूं ही राख न हो।
