गोपालगंज के सदर अस्पताल में होली के दिन अचानक मरीजों की संख्या बढ़ने से इमरजेंसी वार्ड में अफरातफरी की स्थिति बन गई। उपचार में देरी होने पर मरीजों के परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। हंगामे के बीच इमरजेंसी वार्ड में तैनात दो चिकित्सक और जीएनएम वहां से बाहर निकल गए, जिससे करीब आधे घंटे तक इलाज की प्रक्रिया बाधित रही।

जानकारी के अनुसार, जिले के विभिन्न स्थानों पर होली के दिन हुई मारपीट और सड़क हादसों में घायल करीब 30 से अधिक लोग बुधवार रात आठ बजे के आसपास सदर अस्पताल पहुंचे। एक साथ मरीजों की संख्या बढ़ने से मौजूद चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मी दबाव में आ गए। इलाज में देरी होते देख मरीजों के परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया।

घटना की जानकारी मिलने पर जिलाधिकारी पवन कुमार सिन्हा ने सिविल सर्जन को तुरंत चिकित्सकों की संख्या बढ़ाने का निर्देश दिया। साथ ही सीओ रजत कुमार बरनवाल और नगर थानाध्यक्ष प्रवीण प्रभाकर को अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए पुलिस बल तैनात करने को कहा गया।

प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद चार चिकित्सकों को इमरजेंसी वार्ड में तैनात किया गया और सभी मरीजों का इलाज शुरू कराया गया। अधिकारियों ने लोगों से शांति बनाए रखने और इलाज में सहयोग करने की अपील की।