देवरिया। जिलाधिकारी दिव्या मित्तल के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से जिले के पांच ब्लॉकों के चयनित गांवों में जनवरी माह भर नेत्र शिविरों का आयोजन किया जाएगा। शिविरों के माध्यम से गांव-गांव जाकर बुजुर्गों, बच्चों सहित आम लोगों की नेत्र स्क्रीनिंग की जाएगी तथा नेत्र रोगों की जांच कर मोतियाबिंद के मरीजों को चिन्हित किया जाएगा।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि राष्ट्रीय अंधता नियंत्रण कार्यक्रम के तहत यह नेत्र परीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। जिले के रुद्रपुर, सलेमपुर, भागलपुर, पथरदेवा और भलुअनी ब्लॉक के कुल 36 चयनित गांवों में नेत्र शिविर लगाए जाएंगे। अभियान की शुरुआत 10 जनवरी को रुद्रपुर ब्लॉक के अवस्थी गांव से की जाएगी।

रुद्रपुर ब्लॉक में विभिन्न तिथियों पर अवस्थी, नगवा, पचलड़ी, नारायणपुर एवं मदनपुर गांवों में शिविर लगाए जाएंगे। सलेमपुर ब्लॉक के भरौली वार्ड नंबर एक, पूर्वी इचौना, तलहवा टोला, परसिया मिश्र, नदौली, वंशीपार, परानछापर एवं चकरा गांव में नेत्र परीक्षण किया जाएगा। भागलपुर ब्लॉक के रेवली, बलिया दक्षिणी, बलिया उत्तरी, धरमेर महलिया, मुरासो, जिरासो एवं इशारू सजाव गांव में शिविर आयोजित होंगे। पथरदेवा ब्लॉक के बंजरिया, विशुनपुर कला, बिंदही, रणछोड़ कोठी, पाण्डेयपुर, गौर कोठी एवं नोनिया पट्टी गांव में नेत्र जांच की जाएगी। भलुअनी ब्लॉक के बढ़या फुलवरिया, भेड़ा पाकड़, बरौना सदर, फुलवरिया पाण्डेय, महुई संग्राम, गरेड, नई खास एवं कुसम्हा गांव में शिविर लगाए जाएंगे।

सीएमओ ने बताया कि शिविरों में चिन्हित मोतियाबिंद मरीजों की सर्जरी स्वास्थ्य विभाग द्वारा पूर्णतः निःशुल्क कराई जाएगी।

ग्यारह हजार से अधिक सर्जरी
जिला अंधता नियंत्रण कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ अजीत ने बताया कि अप्रैल 2025 से दिसंबर 2025 के बीच 11,241 मरीजों की मोतियाबिंद सर्जरी कराई जा चुकी है। इसके साथ ही 3,105 बच्चों एवं 1,553 बुजुर्गों को निःशुल्क चश्मे वितरित किए गए हैं।