गोपालगंज जिले में रविवार की सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब पांच दिनों से लापता एक युवक का शव कुचायकोट थाना क्षेत्र के जलालपुर गांव स्थित एक कुएं से बरामद किया गया। शव मिलने की खबर फैलते ही पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और देखते ही देखते घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत इसकी सूचना कुचायकोट थाना पुलिस को दी, जिसके बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से काफी मशक्कत के बाद शव को कुएं से बाहर निकाला।
शव की पहचान कुचायकोट थाना क्षेत्र के मठिया हरदो गांव निवासी रामायण मांझी के पुत्र पवन मांझी के रूप में की गई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए गोपालगंज सदर अस्पताल भेज दिया है। घटना के बाद से मृतक के घर में मातम पसरा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
परिजनों के अनुसार पवन मांझी बीते 25 फरवरी की रात से लापता था। युवक के अचानक गायब होने के बाद परिवार के लोगों ने अपने स्तर पर काफी खोजबीन की, लेकिन जब कोई सुराग नहीं मिला तो 28 फरवरी को कुचायकोट थाना में गुमशुदगी की लिखित शिकायत दर्ज कराई गई थी। इसके बावजूद युवक का कोई पता नहीं चल सका और अंततः उसका शव कुएं से बरामद हुआ।
मृतक के परिजनों ने गंभीर आरोप लगाते हुए आशंका जताई है कि पवन मांझी की हत्या कर साक्ष्य छुपाने की नीयत से शव को कुएं में फेंक दिया गया। मृतक के भाई संजय मांझी का कहना है कि यदि गुमशुदगी दर्ज होने के बाद पुलिस ने तत्परता दिखाई होती, तो शायद युवक की जान बचाई जा सकती थी और आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा सकता था।
घटना के बाद गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों ने घटना की निष्पक्ष जांच कर जल्द से जल्द दोषियों की गिरफ्तारी की मांग की है। लोगों का कहना है कि युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से इलाके में दहशत का माहौल बन गया है।
इधर पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा। पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है और लोग अब पुलिस जांच के नतीजों का इंतजार कर रहे हैं, ताकि इस सनसनीखेज मामले का पर्दाफाश हो सके।
